VIVO का अगले 5 साल के लिए IPL से करार

विपुल अग्रवाल, पोलखोल न्यूज़, नई दिल्ली 6/28/2017 3:33:59 AM
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कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी ने विवो द्वारा अगले पांच साल के लिये आईपीएल टाइटल प्रायोजन अधिकार 2,199 करोड़ रुपये में खरीदने के बाद कहा कि कंपनी के लिये इस टी20 लीग से जुड़ाव काफी फायदेमंद रहा है| विवो को पेप्सी के जाने के बाद आईपीएल के पिछले दो सत्रों के लिये टाइटल प्रायोजक बनाया गया था, उसने पांच साल के लिये इसकी बोली अपने नाम की| विवो ने पिछले अनुबंध के हिसाब से प्रत्येक वर्ष 100 करोड़ रुपये के करीब दिया था, लेकिन मौजूदा अनुबंध के हिसाब से बीसीसीआई को प्रत्येक वर्ष अब करीब 440 करोड़ रुपये का लाभ होगा| मुख्य प्रबंध अधिकारी विवेक झांग ने कहा, आईपीएल के साथ अनुबंध हमारे ब्रांड के लिये काफी फायदेमंद साबित हुआ इसलिये इस मजबूत साझेदारी को जारी रखना स्वभाविक था| विवो ने मई में प्रो कबड्डी के लिये भी पांच साल का टाइटल प्रायोजन हासिल किया था| इसी महीने के अंत में कंपनी ने 2018 और 2022 विश्व कप के लिये फीफा के साथ भी करार किया| मोबाइल निर्माता कंपनी विवो ने 2,199 करोड़ रुपये की बड़ी बोली लगाकर अगले पांच साल के लिये फिर से इंडियन प्रीमियर लीग के टाइटिल प्रायोजन अधिकार हासिल किये| यह धनराशि पिछले करार से 554 प्रतिशत अधिक है| बीसीसीआई ने बयान में कहा, स्मार्टफोन बनाने वाले शीर्ष वैश्विक निर्माता ने 2199 करोड़ की बोली लगाई जो पिछले अनुबंध की तुलना में 554 प्रतिशत अधिक है| आगामी पांच आईपीएल सत्र (2018-2022) विवो और आईपीएल के बीच खेल प्रतियोगिता, मैदानी सक्रियता और मार्केटिंग अभियान को लेकर विस्तृत सहयोग होगा| इस अनुबंध के लिए विवो को हर साल लगभग 440 करोड़ रुपये खर्च करने होंगे| बीसीसीआई ने पिछले महीने एक अगस्त 2017 से 31 जुलाई 2022 तक की अवधि के लिये आईपीएल के टाइटिल प्रायोजन के लिये निविदा मंगवायी थी| विवो ने 2016 से 2017 के सत्र के लिये टाइटिल अधिकार हासिल किये थे| यह करार लगभग 100 करोड़ प्रतिवर्ष के आधार पर हुआ था| इस करार पर आईपीएल अध्यक्ष राजीव शुक्ला ने कहा, हमें खुशी है कि विवो एक बार फिर आईपीएल के टाइटिल प्रायोजक के रूप में अगले पांच साल के लिए हमारे साथ जुड़ा है| पिछले दो सत्र में विवो के साथ करार बेहतरीन रहा और मुझे यकीन है कि वे इसे और बड़ा और बेहतर बनाएंगे| करार के नवीनीकरण के लिये विवो ने एक अन्य मोबाइल निर्माता कंपनी ओप्पो को पीछे छोड़ा जिसने रिपोर्टों के अनुसार 1430 करोड़ रुपए की बोली लगायी थी| विवो ने इससे पहले पेप्सी की जगह टाइटिल अधिकार हासिल किये थे| 

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