यूपी : विंध्याचल मंउल के 501 श्रमिकों की बेटियों के सामूहिक विवाह में शामिल हुए सीएम योगी, दिया आशीर्वाद

पोलखोल न्यूज़, लखनऊ 4/24/2018 4:30:27 AM
img

प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में मंगलवार को विंध्याचल मंउल के 501 श्रमिकों की बेटियों के सामूहिक विवाह में सरकार विभाग पूरी तरह से शामिल रहा। दफ्तरों में हस्ताक्षर बनाकर अधिकांश विभागों के अधिकारी, कर्मचारी समारोह स्थल पर पहुंच गए। जिससे मुख्यमंत्री की अगवानी और समारोह में किसी प्रकार की दिक्कतें न होने पाए। विकास भवन और कलक्ट्रेट परिसर में तो पूरी तरह सन्नाटा का माहौल देखा गया। इसी तरह अन्य विभागों के अधिकारी, कर्मचारी भी सामूहिक विवाह समारोह में लगी डयूटी को निभाने के लिए पहुंच गए थे। सीएम योगी ने मांगलिक अवसर पर कहा कि मां विंध्यवासिनी 501 जोड़ों के जीवन को सफल बनाएं। ये जोड़े समाज की रूढ़ियों को तोड़ने में जुड़ें। श्रम विभाग की वास्तविक कार्य अब हो रहा है। आवास, शौचालय, शिक्षा, शादी की योजनाएं शुरू की गई है। किसी कार्य को मूर्त रूप देने के लिए सकारात्मक सोच चाहिए। सबका साथ सबका विकास का नारा सार्थक हो रहा है। 501 श्रमिकों की बेटियों की शादी इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है। श्रमिक इसके अधिकारी हैं। यह प्रयास बहुत ही अहम है। समाज के लिए सबक है। सीएम ने आगे कहा कि दहेज में बेटी की हत्या, बिना शादी के बारात का वापस होना अभिशाप होता है। इसलिए अब ऐसा नहीं होगा। बालिकाओं को सम्मानजनक ढंग से आगे बढाएं। उनको पूरा अधिकार दें। बेटियों की शादी हमेशा होती रहेगी। दहेज के खिलाफ समाज को खड़ा होना होगा। लड़के की बोली लगने की प्रक्रिया रोकें। उन्होंने कहा कि जागरूक लोग ध्यान दें। अब कोई बेटी दहेज की वेदी पर नहीं चढ़ेगी। प्रदेश सरकार की ओर से मजदूरों की बेटियों की शादी के लिए सामूहिक विवाह समारोहों का आयोजन किए जाने का निर्णय लिया गया है। जिससे बेटियों के जन्म और उनकी शादी की चिंता मजदूरों को न रहे और बेटियों के जन्म का घटता औसत बढे। इसी क्रम में मिर्जापुर से 501 बेटियों की शादी से समारोह की शुरुआत हुई। इसके लिए सभी सरकारी विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों की डयूटी लगायी गयी थी। चूंकि शादी समारोह में प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शामिल रहे, इसलिए विभागों के अधिकारी और कर्मचारी भी पूरी मुस्तैदी से नगर के पुतली घर में शादी समारोह स्थल पर मौजूद रहे। यही नहीं शादी समारोह की दस दिन पहले से तैयारी भी चल रही थी। विंध्याचल मंडल के मिर्जापुर, सोनभद्र और भदोही के प्रशासनिक, पुलिस के अधिकारियों के साथ ही श्रम विभाग के अफसर भी तैयारी को बेहतर बनाने में जुटे रहे। जिससे किसी को किसी प्रकार की दिक्कत न होने पाए। यही कारण रहा कि विकास भवन में सुबह दस बजे के बाद विभागों का कार्यालय अधिकारी विहीन रहे। कर्मचारी भी आयोजन की सफलता में व्यस्त रहे। अधिकारियों के कार्यालय में न होने पर बाकी कर्मचारी भी दाएं बाएं तफरी करते नजर आए। इससे यह कहा जा सकता है अघोषित अवकाश जैसा माहौल रहा। 

Advertisement

img
img